
00 संसाधनों के बेहतर उपयोग और उचित प्रबंधन से बढ़ेगी आय…

00 कहा स्थानीय निकाय को समृद्ध बनाने ठोस पहल की दरकार
बिलासपुर / नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष ने सामान्य सभा के दौरान निगम की कंगाली सामने आने पर कहा कि न्यायधानी का नगर निगम कंगाल कुप्रबंधन का शिकार है, उन्होंने कांग्रेस शासनकाल के नियमितीकरण को फिर से शुरू करके व नियम कायदों को सख्ती से लागू कर स्थानीय निकाय को समृद्ध बनाने ठोस पहल करने सुझाव देते हुए कहा कि निगम प्रशासन के पास सड़क बाधा शुल्क समेत ऐसे कई प्रावधान है जिससे आय अर्जित की जा सकती है, वर्तमान में सबसे बड़ा संकट ये है कि लोग वाहन तो खरीद ले रहे पर पार्किंग की व्यवस्था नही है, गाड़ियां सड़को और गलियों में पार्क की जा रही ऐसे लोगो से भी पार्किंग शुल्क लेना चाहिए।
बिना पार्किंग की व्यस्था गाड़ी खरीदने वाले वाहन मालिकों का सड़क ही सहारा है, जिसके कारण आमजन को आवागमन में दिक्कत हो रही जाम लग रहे, आज की तारीख में शहर के मोहल्लों में पूरी रात लाइन से सड़क पर खड़ी गाड़ियों को देखा जा सकता है। इसके अलावा 4000 से ज्यादा नियमितीकरण के आवेदन भी पेंडिंग है, कांग्रेस पार्षद दल ने इस मुद्दे को प्रमुखता से सदन में उठाकर सत्ताधारी दल से इसके लिए समर्थन भी मांगा उन्होंने भी इस मुद्दे का एकमत होकर समर्थन भी किया, निश्चित तौर पर इससे शहर भी व्यवस्थित होगा और इंकम जनरेट होगी निगम की आर्थिक हालात भी सुधार आएगा। मेयर ने भी इस मुद्दे का समर्थन करते हुए शासन को नियमितीकरण के लंबित प्रकरणों के नियमितीकरण का प्रस्ताव शासन को भेज मार्गदर्शन मिलने पर जल्द नियमितीकरण की कार्रवाई करने की बात सदन में कहा है।

नगर निगम के नेता विपक्ष का कहना है कि प्रदेश में ट्रिपल इंजन की सरकार है। केंद्रीय राज्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री व नगरीय प्रशासन मंत्री का शहर है, सभी दावा करते आ रहे कि विकास के लिए फंड की कोई कमी नही है, ये जुमला सुन -सुनकर पब्लिक भी सन्देह कर रही है कि तो फिर क्या विभागीय अफसर काम नही करा पा रहे, या फिर जनता के चुने प्रतिनिधियों के भाई – भतीजे और ठेकेदारों के बीच टेंडर का का लफड़ा है,,,
और यदि इनमें से कुछ भी नही तो शहर की अंधेरी सड़को के लिए स्ट्रीट लाइटों की खरीदी कर इस समस्या का निदान क्यो नही कराया जा रहा, क्यो बदहाल, जर्जर और गड्ढेदार सड़को पर डामर और गिट्टी की परत क्यो नही बिछवाई जा रही है,,,,इसको लेकर लोग सवाल उठ रहे है।
ऐसे बढाई जा सकती है निगम की आय–
0 बिना अनुमति और अनुमति विपरीत निर्माण को जुर्माना और शुल्क लेकर नियमित करने,
0 सड़क बाधा शुल्क को सख्ती से लागू कर जुर्माना वसूलने
0बेसमेंट पार्किंग के व्यवसायिक या गोदाम के रूप में उपयोग करने वालो पर सतत निगरानी कर उनसे पैनाल्टी वसूलने
0 सम्पत्ति व जलकर का टारगेट के मुताबिक वसूली के लिए अभियान चलाकर
0 निगम की दुकानों या परिसरों को 200-300 रुपये की लीज पर लेकर लाख- डेढ़ लाख किराया खाने वालों के दुकानों का किराया मौके और आज के हिसाब से रिवाईज्ज कर वसूल कराकर।
0 अवैध प्लॉटिंग पर विकास शुल्क और जुर्माना लेकर रिवाइज्ड करने
0 शनिचरी, गोलबाजार में बिना अनुमति निर्माण की जांच करा अवैध निर्माण पर पेनाल्टी कर निगम के राजस्व आय को बढ़ाया जा सकता है।
Author Profile

Latest entries
UncategorizedJuly 16, 2026टारगेट सेवन थाउजेन्ट, इस बार 7 हजार पौधे लगवायेगा नगर निगम प्रशासन, स्थल तय पौधे हाजिर…
UncategorizedJuly 15, 2026शासकीय राशन दुकानदार एवं विक्रेता कल्याण संघ ने फिर कलेक्टर जनदर्शन में लगाई गुहार, कहा इतना बोक बाय क्यो, टीडीएस कटौती और कमीशन का पूरा ब्यौरा दें सरकार…
UncategorizedJuly 14, 2026न्यायधानी के सेंट्रल जेल में इतनी फिसलन फिर फिसलकर बंदी की मौत, 15 दिन में बता रहे दूसरा हादसा परिजन- पब्लिक सब हतप्रभ…
UncategorizedJuly 14, 2026न्यायधानी के नगर निगम में बम्फर सुशासन, पार्षद की शिकायत पर कबाड़काण्ड और राजस्व वसूली के 15 लाख डकारकाण्ड में एक साल बाद भी कोई कार्रवाई नही, साढ़े 24 हजार की रसीद टिका 50 हजार अंदर करने वाले स्टाफ को मुख्यालय का तोहफा…

