

बिलासपुर। न पैसा न दमड़ी बाते बड़ी बड़ी। नगर निगम के कैम्प हाउस में मंगलवार को हुई जलकार्य विभाग की पहली बैठक में ऐसा ही हुआ। बैठक में फंड के टोटे के कारण माली हालत की चर्चा हुई। इसके चलते बुधवार को दूसरे दिन होने वाली खाद्य, लोकस्वास्थ्य व स्वछता विभाग की बैठक ही ताल दी गई।


दरअसल मेयर पूजा विधानी ने अपने निवास कार्यालय आईजी ऑफिस के सामने 10 फरवरी से 3 मार्च तक मेयर इन काउंसिल के प्रभारी सदस्यो एवं विभागीय अधिकारियो की विभागवार समीक्षा बैठक तय किया था। तय कार्यक्रम के तहत कल मंगलवार को जलकार्य विभाग की बैठक हुई, बैठक में जलकार्य विभाग की प्रभारी सदस्य, एसई, सभी जोन के जोन कमिश्नर और विभागीय अफसर मौजूद रहे एमआईसी सदस्य ने अलग अलग वार्डो से आ रही जलसंकट, दूषित जल सप्लाई और गर्मी मै और संकट गहराने का हवाला दे तत्काल व्यवस्था बनाने की मांग की,वही विभागीय अफसरो ने भी खुलकर बात रखी कि न फंड है न स्टोर मे सामान मांग- मांगकर उधारी में किसी तरह काम चला रहे, पम्प सॉकेट कुछ भी नही है। जिससे विभागीय कार्यों / गतिविधियो / उपलब्धियो के लिए बुलाई गई बैठक वही समाप्त हो गई अधिकारियों ने मेयर से कहा कि शासन से फंड की मांग कर व्यबस्था बनाइये नही तो गर्मी में स्थिति बिगड़ जाएगी। पहली ही बैठक में फंड की कमी का फटाखा क्या फूटा दूसरे दिन बुधवार को होने वाली खाद्य लोक स्वास्थ्य एवं स्वछता विभाग की बैठक ही स्थगित कर दी गई।
टैंकर फूटा, स्टोर खाली
न जल कार्य विभाग के स्टोर में मरम्मत का सामान है न नए पम्प और पाइप, जल सप्लाई के टैंकरों के हालात भी फटेहाल है, सभी फूटे और लीकेज है जिससे गंतव्य तक पहुँचते तक टैंकर का आधापानी तो रोड में ही बह जाता है।



