
बिलासपुर,,,, शहर से लगे ग्राम लगरा के खसरा नंबर 400 आबादी भूमि के सीमांकन और जांच की रिपोर्ट तत्कालीन लगरा पटवारी रूपेश गुरुद्वान ने नायब तहसीलदार टोप लाल सिंदार को सौंप दी है! पटवारी रूपेश गुरुद्वान ने बताया कि एक नहीं दो लोगों को देख रेख के लिए जमीन सौंपने मौके पर बीचोबीच मलबा पाट कर सड़क बनाने और टुकड़ों टुकड़ों में ईंट बोल्डर रखकर जमीन की घेराबंदी मौके पर पाई गई है! जिससे स्थिति संदेहास्पद तो है! जमीन की बिक्री हुई है! या नहीं इसको लेकर भी संदेह है! उन्होंने इन तमाम बातों का जिक्र करते हुए… रिपोर्ट प्रतिवेदन नायब तहसीलदार श्री टोप सिंह के समक्ष सौंप दी है! नायब तहसीलदार श्री टोप्पो का कहना है! कि अभी उन्होंने रिपोर्ट का अवलोकन नहीं किया है! अवलोकन करने के बाद ही वे इस संबंध में कुछ जानकारी दे पाएंगे… वहीं शिकायत और आपत्ति कर्ता ख़ेम राम श्रीवास का आरोप है! कि बस्ती के बीचोबीच गुड़ी की यह जमीन सार्वजनिक निस्तार की है! पहले यहां रामलीला.. गम्मत… राम सप्ताह… ग्रामीणों के घरों के वैवाहिक छठी और मृत कर्म जैसे संस्कार होते आ रहे है! उन्होंने फिर शासन प्रशासन से निवेदन किया कि यह कब्जा कृत आबादी भूमि बस्ती के बीच है! शासन प्रशासन इसका उपयोग किसी निजी व्यक्ति के बजाय सार्वजनिक हित के लिए करे… ताकि यहां पंचायत भवन, हॉस्पिटल, सामुदायिक भवन जैसे निर्माण कराए जा सकते है!
