0 फोन कराने और कागजी घोड़ा दौड़ाने वाले अब सकते में

0 यदि कार्रवाई और सही ढंग से जांच हुई तो कई चेहरे होंगे बेनकाब

बिलासपुर। नगर निगम मुख्यालय से 77 लाख के एफडीआर चोरी और 16 लाख के जुर्माने को लेकर रोचक जानकारी सामने आ रही है। इसमें मांडवाली कराने वालों ने रायपुर से बिलासपुर तक छिड़काव कराया। यही वजह है कि इतने गम्भीर मामले में एफआईआर तक दर्ज नही कराई गई। मामले को दबाने भरसक प्रयास किया गया पर सच्चाई है कि परत दर परत उधड़ते जा रही।
अब साबर की चोरी कर सुई का जुर्माना भरने तैयार ठेकेदार को क्या पता था कि नेतागिरी के चक्कर मे इतना निकल जायेगा और बवाल खड़ा हो गया सो अलग। इस पूरे खेल में छात्र राजनीति से जुड़े नेता का नाम सामने आ रहा है। युवा की सेटिंग काम तो कर गई उन बड़े मुड़ी वालो से भी सीधा संपर्क हो गया जिन्होंने कह दिया कि अब चिंता करने की कोई जरूरत नही इससे बडा- बड़ा मामला निबटाकर बैठे है।
पर उनका पोटा कांप रहा जिन्होंने फाइल से ओरिजनल एफडीआर को निकालकर ठेकेदार को कलर फोटोकापी कराने दिया फिर फाइल में इसी कलर फोटोकापी को लगा अपना हाथ झाड़ गांधी बाबा को धारण किया। चर्चा है कि बात यहाँ तक पहुच गई कि तलवार लटक रही कार्रवाई की तलवार यदि उसके ऊपर गिरी तो वह सब बक देगा। मामला यही गड़बड़ा गया। जाहिर है कि यदि इस एफडीआर कांड का पटाखा फूटा तो कई को आंख कान बन्द करना पड़ेगा और कईयों के खुल जाएंगे।
क्योकि निकाय मुख्यालय से एफडीआर की चोरी कोई छोटा मोटा अपराध तो है नही बल्कि का मामला है।
निकाय चुनाव के पहले न हो जाये धमाका
इस मामले को लेकर जिस तरह की बातें सामने आ रही है वो भी कम चौकाने वाला नही है। यदि मामला नही सम्हला तो निकाय चुनाव के पहले बड़ा धमाका हो सकता है।
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