
बिलासपुर । 173 करोड़ का आईटीएमएस भी बिलासपुर आकर बिगड़ गया। ट्रेफिक व्यवस्था बनाने चौराहों को बेरिकेट्स लगा घेरा जा रहा तो कही निगम की सम्पत्ति डिवाइडर को भस्का दिया जा रहा। कोचिंग संस्थानों के बाइक स्कूटी मुख्यमार्ग को आधे घेरे खड़े है, दिनदहाड़े रेत से भरी ट्रैक्टर और हाइवा दौड़ रहे न आईटीएमएस को दिखाई दे रहा न विभागीय अमले को, हादसे हो रहे लोग आक्रोश जता रहे पर सिस्टम बन ही नही पा रहा…?
आप खुद देखिये ये तस्वीरें नेहरू चौक से इंदिरा सेतु के बीच की है, सड़क तो सड़क छत्तीसगढ़ भवन तिराहे और कांग्रेस भवन- कुदुदंड चौराहे को बेरिकेट्स लगाकर बन्द कर दिया गया है। इधर जाना हो या उधर आपको घूमकर ही जाना पड़ेगा, इसी तरह आबकारी वेयरहाउस चौराहे पर, और दयालबंद – लिंगियाडीह पुल मोड़ के चौराहे को बेरिकेट्स लगाकर बन्द कर दिया गया अब घूमिये, पर सवाल तो उठ रहे कि ट्रेफिके व्यवस्था बनाने का ये कौन सा सिस्टम है कि चौराहो को बन्द कर दिया गया।

आखिर कौन आईएस आईपीएस का दबाव


दयालबंद पुल मोड़ के पास के एक कोचिंग संस्थान ने सड़क को अघोषित पार्किंग बना रखा है, सड़क तक बाइक और उसके आगे तक वैन आटो खड़े है, यातायात पर प्रभाव पड़ रहा, लक्ष्मी टॉकीज और पुराने नागोराव स्कूल के बीच एक कोचिंग संस्थान की गाड़ियां सड़क तक खड़ी है,


सवाल यह उठ रहा कि इनके ऊपर कार्रवाई क्यो नही, आखिर कौन आईएस आईपीएस के यहां से पढ़कर निकले है या उनके बच्चे पढ़ रहे आखिर इनके ऊपर कार्रवाई क्यो नही किया जा रहा और कर रहे तो फिर ये गाड़ियां सड़क तक कैसे खड़ी हो रही है।
बसें बन्द
इसके चलते सीपत और रतनपुर मार्ग की बसें अब यहाँ खड़ी करने पर रोक लगा दी गई, यात्रियों को बस पकड़ने सीपतरोड या सीपत चौक तक दौड़ लगाना पड़ रहा…
अफसर कह रहे आपको तो सब पता है?

व्यापार विहार के तोड़े गए डिवाइडर के मामले में निगम प्रशासन का कहना है कि आपको तो सब पता है…बहुत टरकाया यातायात पुलिस से सहमति मिलने के बाद अनुमति देनी पड़ी।
साफ दिख रहा किसको लाभ
व्यापार विहार के डिवाइडर को तोड़ने का ये पूरा खेल किसे लाभ पहुचाने खेला गया साफ दिख रहा…
पीएम के एक पेड़ माँ के नाम अभियान का भी नही भान

और सबसे बड़ी फजीहत की बात यह है कि सड़क के बीचोबीच डिवाइडर पर लगे हरे भरे पौधे से पेड़ बनकर तैयार हुए पेड़ की बलि दे दी गई, वो भी तब जब खुद प्रधानमंत्री पर्यावरण को बचाने एक पेड़ माँ के नाम लगाने आमजनमानस को सन्देश दे खुद इसकी ब्रांडिंग कर रहे है… पर ये हो क्या रहा है…
मजबूत विपक्ष की दरकार
सारा शहर जानता है कि नेहरू चौक से इंदिरा सेतु तक बेरिकेट्स लगाकर एक चौराहे और एक तिराहे को कब और क्यो बन्द किया गया,,, पर इसके लिए आज तक एक आवाज नही उठी, जबकि हाल ही में जिला और शहर कांग्रेस अध्यक्ष का चयन करने एमपी से पर्यवेक्षक आये, उन्होंने साफ सन्देश दिया कि कॉंग्रेस को ऐसा अध्यक्ष चाहिए जो सत्तासीन भाजपा सरकार की गलत नीतियों के खिलाफ लड़ सके, जो जनहित के मुद्दों को उठा जनता के हित में काम कर सके इसके बावजूद ये हाल है जबकि बिजलीं, किसानों को धान बेचने के लिए की जा रही प्रक्रिया में गड़बड़ी, पार्किंग, बदहाल सड़के, सड़को पर पसरे गौ वंश के कारण आये दिन हो रहे हादसे और हादसों में मौत होने की खबरे लगातार आ रही है…पर आवाज नही उठ रही…?
कैसे जाएगी एम्बुलेंस
शहर की सड़कों पर लगने वाले जाम में एम्बुलेंस फंसने की घटनाएं भी लगातार सामने आ रहे है, ऐसे में सवाल यह उठ रहा कि यदि जगमल चौक इलाके और रेलवे क्षेत्र में अनहोनी हुई या किसी को अपोलो ले जाने की जरूरत पड़ी तो एम्बुलेंस अपोलो जाएगी कैसे क्योकि अपोलो जाने वाली दयालबंद- लिंगियाडीह मोड़ वाले चौराहे को तो बेरिकेट्स लगाकर बन्द कर दिया गया है।
और एडिशनल एसपी ट्रफिक कह रहे…
Author Profile

Latest entries
UncategorizedFebruary 5, 2026लायन्स सर्विसेज ठेका फर्म फिर निशाने पर, हाईटेक बस स्टैंड में लाठीटेक सफाई, गन्दगी देख भड़के निगम कमिश्नर थमहाया नोटिस, होटल संचालक पर भी ठोंका जुर्माना
UncategorizedFebruary 4, 2026एसीबी के जाल में फिर फंसे नायब तहसीलदार और पटवारी, धान खरीदी में गड़बड़ी के मामले में ऊपर रिपोर्ट न भेजने भयादोहन कर शाखा प्रबंधक से मांग रहे थे 35 हजार, दोनो गिरफ्तार
UncategorizedFebruary 4, 2026अगस्त में चोरी, सितंबर में एफआईआर, अक्टूबर में लावारिस मिला नगर पालिक निगम का काऊ कैचर… तो मामला खत्म…?
UncategorizedFebruary 4, 2026न सड़कें बढ़ी न स्टाफ, 13 माह में शहर में बढ़ गई 61 हजार गाड़ियां, कैसे होगा ट्रैफिक कंट्रोल, कैसे और कब तक मिलेगा जाम से निजात…?

