
बिलासपुर_ रतनपुर,,, बिलासपुर जिले की शक्तिपीठ माने जाने वाली मां आदिशक्ति महामाया की नगरी रतनपुर की प्राचीन धरोहर कृष्णा अर्जुनी तालाब जो कि लगभग 20 एकड़ से अधिक भूखंड पर फैला हुआ है! जिसकी एक अपनी धार्मिक मान्यता और उपयोगिता है! वह आज जिम्मेदारों की उदासीनता की भेंट चढ़ गया है!


उक्त तालाब में सालों से पूजा पाठ, निस्तरी, रोजाना के उपयोग एवं काठी दसक्रम नहावन के काम आता रहा है! किंतु पिछले कुछ महीनो से उक्त तालाब का पानी इतना जहरीला और बदबूदार हो चुका है!

की रतनपुर के लोगों को तालाब के पानी का उपयोग करना तो दूर उसके पास से निकलना भी मुश्किल हो गया है! लोगों ने बताया कि काठी कर्म और नहावन के लिए जहां सालों से तालाब का पानी उपयोग किया जा रहा था! वहां अब तालाब के पास महामाया ट्रस्ट से टैंकर बुलवाकर उक्त कर्म किए जा रहे हैं! लेकिन नगर पालिका प्रशासन की उदासीनता तो जग जाहिर है! जो कि इस ओर बिल्कुल भी ध्यान देना नहीं चाहते…
अर्जुनी तालाब बचाओ चलाया था अभियान
आजाद मंच ने पिछले कुछ समय से कृष्णा अर्जुनी तालाब बचाओ अभियान छेड़ रखा है! इसी कड़ी में आजाद मंच के रतनपुर परिक्षेत्र के पदाधिकारी द्वारा कृष्ण अर्जुनी तालाब का मुआयना किया गया और वहां के लोगों की समस्याओं को जानने की कोशिश की गई! आजाद मंच के प्रमुख विक्रांत तिवारी ने कहा की रतनपुर वासी इस जहरीले पानी से और अपनी बर्बाद हो रही धरोहर से दुखी है! और उसे बचाने जूझ रहे हैं! तो दूसरी ओर नगर पालिका के अध्यक्ष अपने साथियों के साथ मुंबई, गुजरात के समुद्र की सैर करने में व्यस्त है! यह बहुत ही दुखद है! आजाद मंच ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर तत्काल प्रभाव से रतनपुर की धरोहर को साफ कर तालाब को इस जहरीले पानी से मुक्त नहीं कराया गया! तो नगर पालिका प्रशासन के विरुद्ध बड़ा जन आंदोलन शुरू किया जाएगा…?



