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सरकार पीट रही ढिंढोरा, एग्रोटेक पंजीयन बना हेडेक, टेंशन में किसान कैसे बेचेंगे धान… बैठा सिस्टम रिकार्ड रण्डभंड अन्नदाता तहसील और सोसायटी के दौड़ लगा- लगा  हलाकान

रिपोर्टर-शरद यादव

बिलासपुर( सीजीडीएनए न्यूज़ ) एग्रोटेक पंजीयन और गिरदावरी की लापरवाही ने गाँव- गाँव मे अन्नदाताओं की टेंशन बढ़ा दी है। कही किसानों के कृषि भूमि का पंजीयन नहीं हो पा रहा तो कही एक गाव का पंजीयन दूसरे गांव के सोसायटी में दिखा रहा, किसान हलाकान है कि कैसे बिकेगा धान और कैसे छूटेगा कर्जा… वे पर्ची और अपनी जमीन का दस्तावेज लेकर तहसील और सोसायटी के चक्कर काट रहे है।


धान खरीदी को लेकर खड़े हो रहे रोज नए संकट की मुख्य वजह गिरदावरी की गड़बड़ी बताई जा रही, किसान इस लापरवाही के लिए पटवारी,और तहसीलदार को कोस रहे है…

आलम यह है कि कोटा जनपद पंचायत इलाके के सैकड़ों किसान मंडी में धान बेचने के लिए परेशान है अभी तक किसान एग्रीटेक में कृषि भूमि का पंजीयन ही नहीं हो पा रहा है। इससे बड़ा ब्लंडर ये है कि हलाकान किसान जब अपने खेतों का रकबा पंजीयन कराने सीएससी सेंटर पहुंचे तो 50-60 अन्नदाताओं का नाम कोटा तहसील में दर्ज दिखा रहा है तो जोगीपुर के सेकड़ो किसानों का नाम और रकबा तकनीकी खामी के कारण रतनपुर तहसील में दर्ज हो गया है , दिक्कत ये है अन्नदाताओं की समस्या सुनने वाला कोई नहीं है, उन्हें पटवारी,तहसील,कार्यालय,एसडीएम कार्यालय के चक्कर लगाना पड़ रहा है।

उन्हें बदले में समस्या का हल नही बल्कि सिर्फ आश्वासन ही मिल रहा।ये आलम तब है जब धान खरीदी शुरू हो गया है, जनप्रतिनिधि और अफसर धान खरीदी में कोई लफड़ा नही सब चकाचक होने का ढिंढोरा पीट रहे जबकि 25 नवम्बर को किसानो के धान खरीदी के पंजीयन का आखिरी दिन और 30 नवम्बर तक भूल सुधार निर्धारित किया है ।

अन्नदाता फिर संकट में

कोटा क्षेत्र के हलाकान परेशान किसानों ने मंगलवार को फिर कोटा एसडीएम से भेंट कर उन्हें धान बेचने के लिए आ रही तमाम दिक्कतों से अवगत करा अपनी चिता परेशानियो आए अवगत कराया कि ऐसे में वे,खाद-बीज,ट्रैक्टर की किश्त कैसे चुकाए पाएंगे। किसानों ने एसडीएम और तहसीलदार को चेताया कि केवल आश्वासन से कुछ नही होगा, इस दौरान किसान मनोज मरावी,वीरेंद्र बिरको,टुकेश्वर मरावी,दिलहरन राज,बलराम श्रीवास,कीर्तन श्रीवास,कन्हया गुप्ता,टुकेश्वर मरावी समेत अन्य कृषकगण मौजूद रहे…।

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शैलेन्द्र पाण्डेय / संपादक / मोबाइल नंबर : 7000256145
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