
बिलासपुर/ न्यायधानी के निजी अस्पतालों में चिकित्सा सेवा के नाम पर चल रहे खेल और एक दिन में तीन कांड का मामला तूल पकड़ता जा रहा। सीजीडीएनए ने इसको लेकर कांग्रेस, व्यापारी संगठन के पदाधिकारी और शहर के वरिष्ठ पत्रकार से चर्चा की तो किसी ने इसके लिए शासन के बीमा आधारित चिकित्सा व्यवस्था को, तो किसी ने लीडरशिप को तो किसी ने बिलासपुर की चिकित्सा व्यवस्था में सुधार के लिए शासन- प्रशासन को फेल बता गब्बर की जरूरत बताई।

आप खुद सुनिए कितनी नाराजगी कितना आक्रोश है और ये कह क्या रहे….
निर्मल माणिक, वरिष्ठ पत्रकार बिलासपुर
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