
0 शिकायतकर्ताओ से बदतमीजी करने का आरोप

0 महानगर और स्मार्ट सिटी का तमगा वाले बिलासपुर में नागरिक इतने असुरक्षित

बिलासपुर / छत्तीसगढ़ को न्यायधानी में प्रशासन के पास सांडों के आतंक का कोई उपचार नही है। ताजा मामला सरकंडा क्षेत्र का है जहां एक बेकाबू सांड ने राह चलते व्यक्ति को उठाकर पटक दिया, इसका वीडियो भी सामने आया है जो बता रहा कि आमआदमी बिलासपुर में कितने सुरक्षित है और जिम्मेदार किस हद तक लापरवाह।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक,ये व्यक्ति पैदल कही जा रहा था, तभी अचानक एक सांड दौड़ते आया और सिर पर गमछा बांधे सड़क किनारे पैदल चल रहे
व्यक्ति को सींग से उठा पटक दिया। इस हमले में गंभीर घायल पर सांड ने दोबारा हमले की कोशिश भी कि लेकिन अचानक हमले से चित भयभीत व्यक्ति जान जोखिम में देख सम्हला और उठकर बैठ हिम्मत दिखाते हुए सांड को हाथ से हकाला तब कही सांड वहां से भागा ये घटना सरेराह हुई लोग गाड़ियों में आ जा रहे थे तो कोई डर के मारे भाग रहा था। आसपास में मौजूद लोगों ने उसे उठाया और ऑटो में भरकर अस्पताल पहुंचाया। उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में लंबे समय से आवारा मवेशियों का आतंक बना हुआ है, लेकिन प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। इस घटना पर आक्रोश जताते हुए कारोबारियो और रहवासियों ने नगर निगम व प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह किसी की जान का जोखिम न हो।
कतियापारा- जूनाबिलासपुर में रोज दंगल, रोज तोड़फोड़
लगभग ऐसे ही हालात जूनाबिलासपुर शांती लॉज गली, कतियापारा, पचरीघाट इलाके में भी है, कई बार निगम के अफसरो और अतिक्रमण विभाग को इसकी सूचना दी जा चुकी है पर कोई सुनने वाला नही है। यहाँ रोज सांड आतंक मचा घरों के सामने खड़ी गाड़ियों में तोड़फोड़ कर रहे है, मोहल्लेवासियों का कहना है कि लगता है प्रशासन को किसी बड़ी अनहोनी का इन्तेजार है सम्भवतः तभी जिम्मेदार अफसर जागेंगे।
हो चुकी है मौत भी
स्मार्ट सिटी और महानगर कहलाने वाले बिलासपुर के पुराना बस स्टैंड इलाके में सांड के हमले से एक व्यक्ति की मौत भी हो चुकी है, बावजूद इसके ये हाल है।



