

बिलासपुर । पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष व बेलतरा विधानसभा के पूर्व प्रत्याशी विजय केशरवानी ने कोनी के स्व. कुमार दिलीप सिंह जूदेव सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल स्थापना और अंचलवासियो को सहज सरल अच्छी चिकित्सा के सरकार के दावे को फोकला फांसी और इसे निजी संस्थान को देने की चल रही चर्चा को जनता से धोखा करार देते हुए सरकार से इसकी स्थिति स्प्ष्ट करने और इसे निजी हाथों में सौंपने पर जनता के साथ सडक पर उतरकर आंदोलन करने की चेतावनी दी है।
श्री केशरवानी ने कहा कि ये संस्थान स्वर्गीय दिलीप सिंह जूदेव के नाम पर है। 200 करोड़ की लागत से इस 220 बिस्तर वाले सुपरसपेशियलिटी हॉस्पिटल का प्रधानमंत्री से आनन – फानन में आधे अधूरे हॉस्पिटल का लोकार्पण कर दिया गया, मुख्यमंत्री और छत्तीसगढ़ सरकार के मंत्रियों ने दावे किए की अब लोगो को अपने मरीजो को हार्ट, किडनी और अन्य जटिल रोगों की चिकित्सा के लिए दीगर राज्यो तक लेकर दौड़ना नही पड़ेगा अंचलवासियो को यही निशुल्क व रियायती दर पर चिकित्सा मिलेगी लेकिन हकीकत ये है कि आज तक ये अस्पताल पूरी क्षमता से शुरू नहीं हो पाया है। विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी, कैथ लैब, ऑक्सीजन प्लांट, 24 घंटे इमरजेंसी सेवा और अत्याधुनिक एंबुलेंस जैसी बुनियादी सुविधाओं के अभाव में यह अस्पताल केवल रेफरल सेंटर बनकर रह गया है। उल्टा यहां से मरीजो को जिला और सिम्स हॉस्पिटल रिफर किया जा रहा। उन्होंने कहा कि जब अस्पताल में हार्ट, किडनी और ब्रेन से जुड़ी गंभीर बीमारियों का समुचित इलाज ही उपलब्ध नहीं है, तो फिर कहे का सुपरस्पेशलिटी फिर 200 करोड़ रुपये खर्च करने का औचित्य क्या है। क्यो डेढ़ साल बाद भी 2-3 फ्लोर को छोड़कर आठो फ्लोर उजाड़ और धूलधूसरित पड़े है, करोड़ो की मशीनें धूल फांक रही पड़े पड़े कबाड़ हो रही। क्यो सरकार और जनता के चुने जनप्रतिनिधि चुप्पी साधे बैठे है, आखिर गेम चल क्या रहा किसको इस 200 करोड़ के बिल्डिंग और सरकारी संसाधनों को सौंपने की तैयारी की जा रही, क्या बेलतरा विधायक अपने राजनीतिक गुरु स्वर्गीय दिलीप सिंह के नाम पर संचालित इस सुपरस्पेशियलिटी हॉस्पिटल को निजी हाथों में देने का विरोध कर जनभावना का सम्मान करेंगे। उन्होंने प्रदेश के विष्णुदेव सरकार से श्वेत पत्र जारी कर स्थिति स्प्ष्ट करने व जानकारी सार्वजनिक करने, नेताओ के करीबियों के बजाय अस्पताल में नियमित विशेषज्ञ डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ और तकनीकी कर्मचारियों की नियुक्ति करने, कैथ लैब एवं ऑक्सीजन प्लांट की स्थापना, 24 घंटे इमरजेंसी सेवा और पूर्ण सुविधायुक्त एंबुलेंस तत्काल उपलब्ध कराने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द व्यवस्थाएं दुरुस्त नहीं कीं और निजीकरण पर स्थिति स्पष्ट नहीं की, तो कांग्रेस जनता के स्वास्थ्य अधिकार को लेकर चरणबद्ध आंदोलन शुरू करेगी। उन्होंने कहा, “बिलासपुर की जनता ने केवल भवन नहीं, इलाज मांगा था।




