

बिलासपुर/ में कोरोनाकाल में चाँटापारा और गोड़पारा नदी तट के उजाड़ी गई बस्ती की जगह पर प्रस्तावित ऑक्सिजोंन के विरोध में विस्तापितो ने पूर्व मंत्री व नगर विधायक के निवास कार्यालय का घेराव किया।

चांटापारा से विस्तापितो ने विधायक को उनका वो वायदा याद दिलाया जिसमे उन्होंने उन्हें वही मकान बनाकर देने का दावा किया था। विस्थापितों ने यही पुनर्विस्थापन की मांग करते हुए मील सरकारी आवास को नरक से बदतर बताते हुए नए ठिकाने को शहर से दूर होने के कारण रोजी रोटी में आ रहे संकट का हवाला देते हुए
चांटापारा के सभी प्रभावित परिवारों का यहां पुनर्वास की व्यवस्था कराने की मांग करते हुए कहा कि वे अपने स्तर पर पूरी प्रक्रिया स्पष्ट कराएं, ताकि पुनर्वास को लेकर फैली भ्रांतियां दूर हों और प्रभावित परिवारों को संतोष मिल सके।
प्रदर्शन में शामिल महिलाओं ने आरोप लगाया कि गरीबों के आशियाने उजाड़कर रिवर व्यू बनाया गया, और अब प्रस्तावित ऑक्सीजोन के नाम पर एक बार फिर स्थानीय लोगों को हटाने की कोशिश की जा रही है। वही रिवर व्यू रोड पर असामाजिक तत्वों के जमावड़े का आरोप लगाया है। लोगों का कहना है कि इलाके की वास्तविक समस्याओं पर ध्यान देने के बजाय अब ऑक्सी जोन के नाम पर स्थानीय लोगों के सामने विस्थापन का संकट खड़ा किया जा रहा है।



